उत्तराखण्ड

आंध्र कैबिनेट की बड़ी पहल: रोजगार सृजन

आंध्र प्रदेश को एक वैश्विक तकनीकी केंद्र (Global Tech Hub) में बदलने के उद्देश्य से, मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू की अध्यक्षता में राज्य कैबिनेट ने शुक्रवार को सूचना प्रौद्योगिकी, इलेक्ट्रॉनिक्स और सेमीकंडक्टर क्षेत्रों में भारी निवेश को मंजूरी दी। अरबों डॉलर के इन निवेशों से हजारों प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार पैदा होने का अनुमान है, जो राज्य की “इन्वेस्टमेंट फर्स्ट” (Investment First) रणनीति को मजबूती प्रदान करता है।

राज्य सचिवालय में हुई उच्च स्तरीय बैठक के बाद, सूचना और जनसंपर्क मंत्री कोलुसु पार्थसारथी ने घोषणा की कि 2024 में गठबंधन सरकार के सत्ता में आने के बाद से राज्य ₹9.36 लाख करोड़ का निवेश आकर्षित करने में सफल रहा है। ताज़ा मंजूरी “अमरावती क्वांटम वैली” (Amaravati Quantum Valley) के विकास और विशाखापत्तनम को एक प्रमुख एआई (AI) और डेटा हब के रूप में स्थापित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है।

सेमीकंडक्टर और आईटी क्षेत्र में उछाल

कैबिनेट के फैसले का मुख्य केंद्र RRP इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड की ₹10,239 करोड़ की विशाल परियोजना है।

  • सेमीकंडक्टर यूनिट: यह कंपनी श्री सत्य साईं जिले के टेकुलोदु गाँव में एक ‘आउटसोर्स सेमीकंडक्टर असेंबली एंड टेस्टिंग’ (OSAT) सुविधा और एक सेमीकंडक्टर फैब्रिकेशन यूनिट स्थापित करेगी।

  • रोजगार: इस अकेले प्रोजेक्ट से 3,000 से अधिक नौकरियां पैदा होने की उम्मीद है, जिससे आंध्र प्रदेश वैश्विक सेमीकंडक्टर आपूर्ति श्रृंखला में शामिल हो जाएगा।

विशाखापत्तनम को राज्य की डिजिटल राजधानी के रूप में मजबूत करने के लिए अडानी इंफ्रा को ‘एआई डेटा सेंटर’ स्थापित करने की अनुमति दी गई है। अन्य महत्वपूर्ण मंजूरियों में शामिल हैं:

  • फ्यूजी सॉफ्टवेयर सॉल्यूशंस: ₹425 करोड़ का आईटी परिसर।

  • क्रेडेंस रियल्टी: ₹386 करोड़ का आईटी पार्क, जिससे 6,500 नौकरियां पैदा होने का अनुमान है।

  • श्रीटेक डेटा लिमिटेड: अंतरराष्ट्रीय कनेक्टिविटी बढ़ाने के लिए ₹1,800 करोड़ का केबल लैंडिंग स्टेशन।

अमरावती के लिए “क्वांटम लीप”

राजधानी क्षेत्र अमरावती दक्षिण एशिया के पहले समर्पित क्वांटम टेक्नोलॉजी पार्क—”अमरावती क्वांटम वैली”—की मेजबानी के लिए तैयार है।

  • परीक्षण बेड: मुख्यमंत्री नायडू 14 अप्रैल, 2026 को अमरावती में देश के पहले क्वांटम कंप्यूटिंग परीक्षण बेड का उद्घाटन करेंगे।

  • लक्ष्य: इस पहल से 2029 तक लगभग 1 बिलियन डॉलर के निवेश की उम्मीद है, जो भारत के ‘राष्ट्रीय क्वांटम मिशन’ के अनुरूप है।

प्रमुख निवेश मंजूरियाँ: अप्रैल 2026 कैबिनेट बैठक

स्वच्छ ऊर्जा और प्रशासनिक सुधार

  • ग्रीन एनर्जी: कैबिनेट ने नायडू पेटा में ग्रीन हाइड्रोजन सुविधा, आठ जिलों में बायोमास प्लांट और कुरनूल में सौर परियोजनाओं को मंजूरी दी है।

  • स्थानीय रोजगार: ‘आंध्र प्रदेश सार्वजनिक रोजगार आदेश, 2025’ को मंजूरी दी गई है, जो सुनिश्चित करता है कि 95% सीधी भर्ती वाले पद स्थानीय उम्मीदवारों के लिए आरक्षित हों।

मंत्री पार्थसारथी ने जोर देकर कहा: “हमारा लक्ष्य केवल उद्योग में ही नहीं, बल्कि क्वांटम तकनीक, शिक्षा और स्वास्थ्य में भी राष्ट्रीय नेता के रूप में उभरना है। आज की मंजूरियां दिखाती हैं कि आंध्र प्रदेश वैश्विक निवेश मानचित्र पर वापस आ गया है।”

भविष्य की तैयारी

यह प्रयास चंद्रबाबू नायडू के उस व्यापक दृष्टिकोण का हिस्सा है, जिसके तहत उन्होंने कभी हैदराबाद को वैश्विक आईटी हब बनाया था। अब, सेमीकंडक्टर और क्वांटम कंप्यूटिंग जैसी भविष्य की तकनीकों पर ध्यान केंद्रित करके, आंध्र प्रदेश खुद को “चौथी औद्योगिक क्रांति” का नेतृत्व करने के लिए तैयार कर रहा है।

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